PF निकासी नियम: EPFO से एक बार में कितना मिलता है पैसा, पूरा अपडेट पढ़ें
EPFO यानी जहां आपके प्रोविडेंट फंड का पैसा जमा होता है. कई बार जरूरत आने पर या किसी इमरजेंसी में आप अपने प्रोविडेंड फंड का पैसा निकालना चाहते हैं. मसलन अगर आपको 1 लाख रुपए की जरूरत है और आप अपने PF से यह पैसा निकालने के लिए अप्लाई करते हैं. लेकिन आपको मिलता 60 हजार के करीब ही है. तो आप सोच में पड़े जाते हैं कि जितना पैसा मैंने अप्लाई किया था. उतना क्यों नहीं मिला. तो आइए आपको बताते हैं कि EPFO से आप कब कितना पैसा निकाल सकते हैं |
आप अपने पीएफ (EPF) से ज़रूरत के हिसाब से पैसा निकाल सकते हैं, जिसमें कुछ ज़रूरतों (जैसे बीमारी, शादी, घर खरीदना) के लिए 100% तक की पूरी राशि मिल जाती है. लेकिन कई बार केवल 75% राशि निकाली जा सकती है, लेकिन रिटायरमेंट के बाद पूरी राशि निकाली जा सकती है; हाल के नियमों में निकासी को आसान बनाया गया है और इसे 13 से बदलकर 3 कर दिया गया है, जिसमें अब 12 महीने की सेवा के बाद भी 100% निकासी संभव है |
घर खरीदने या मरम्मत कराने के लिए कितना पैसा
अगर आप घर खरीदने जा रहे हैं या अपने घर की मरम्मत कराना चाह रहे हैं तो आप अपने प्रोविडेंड फंड से 90% की राशि निकाल सकते हैं. मसलन अगर आपके खाते में 1 लाख रुपया है तो आप 90 हजार तक इस काम के लिए निकाल सकते हैं |
बीमारी में कितना पैसा
अगर आप या आपके परिवार में किसी को कोई बीमारी हो जाती है तो आप इलाज के लिए 100% यानी पूरी की पूरी राशि निकाल सकते हैं. वहीं अपनी, बच्चों, या भाई-बहन की शिक्षा/शादी के लिए,आप अपने योगदान + ब्याज का 75% तक निकाल सकते हैं |
नौकरी के बीच में कितना पैसा निकल सकता है
आप जहां काम कर रहे हैं अगर वहां आपने 12 महीने का समय पूरा कर लिया है तो आप जमा राशि का 25% छोड़कर बाकी पैसा निकाल सकते हैं. मान लीजिए आपके खाते में 1 लाख रुपया है तो आप 75 की रकम निकाल सकते हैं |
नौकरी छोड़ने के बाद कितना पैसा
अगर आपने नौकरी छोड़ दी है या आपकी नौकरी छूट गई है और आपके पास कोई काम नहीं है तो इस स्थिति में आप अपने प्रोविडेंट फंड का पूरा पैसा 2 महीने बाद निकाल सकते हैं. वहीं कुछ मामलों में इसके लिए 12 महीने की समयसीमा तय की गई है. वहीं अगर आप रिटायर हो गए हैं तो इस स्थिति में आप पूरा पैसा निकाल सकते हैं. EPFO के नए नियमों के तहत अब 12 महीने की सेवा पूरी करने पर भी 100% तक की निकासी संभव है (कुछ शर्तों के साथ), पहले इसके लिए 5-7 साल की सेवा ज़रूरी थी |
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