मुरादाबाद की रामगंगा नदी में मछलियों की मौत, लोग ड्रमों में भरकर मछलियां बेचते नजर आए
उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद स्थित रामगंगा नदी में शुक्रवार को सुबह एक अजीबोगरीब मंजर देखने को मिला, जब जिगर कॉलोनी के पास हजारों की संख्या में मछलियां दिखाई दीं, जिससे पूरे इलाके में सनसनी मच गई. आमतौर पर शांत रहने वाले नदी के तट पर देखते ही देखते लोगों का हुजूम उमड़ पड़ा. कड़ाके की ठंड और ठिठुरते पानी की परवाह किए बिना, स्थानीय लोग और राहगीर अपनी जान जोखिम में डालकर नदी में कूद पड़े. वहां का नजारा किसी मछली बाजार से कम नहीं था, जहां हर कोई मुफ्त की मछलियां बटोरने की होड़ में शामिल हो गया |
बताया जा रहा है कि नदी से कई क्विंटल मछलियां निकाली गईं, जिनमें छोटी मछलियां मृत थीं और बड़ी मछलियां बेहोशी की हालत में थीं |कुछ लोगों ने तो इसे अवसर मानकर मौके पर ही अस्थायी दुकानें सजा लीं और मछलियों की बिक्री शुरू कर दी, लेकिन लोगों के दिलों में ये भी सवाल है कि आखिर अचानक से इतनी सारी मछलियां कैसे मर गईं |
पानी के दूषित होने का परिणाम
मौके पर मौजूद लोगों ने आशंका जताते हुए कहा कि किसी शरारती तत्व ने या किसी स्रोत से नदी के पानी में भारी मात्रा में कीटनाशक दवा या फिर कोई जहरीला रसायन मिला दिया है, जिससे मछलियां मरी हैं | लोगों का कहना है कि रामगंगा के बहते पानी में ऑक्सीजन की कमी होना वैज्ञानिक रूप से गले नहीं उतरता. इसलिए यह स्पष्ट रूप से पानी के दूषित होने का ही परिणाम है |
मर चुकी थीं छोटी मछलियां
लोगों ने बताया कि नदी में बड़ी मछलियां बेहोशी की हालत में थीं, जबकि छोटी मछलियां मर चुकी थीं | देखते ही देखते वहां लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई और मछली पकड़ने की होड़ मच गई. मुफ्त में मिल रही इन मछलियों को पाकर लोग काफी खुश नजर आए. इस घटना के पीछे के कारणों को लेकर अभी भी संशय बना हुआ है, लेकिन स्थानीय लोगों का मानना है कि किसी ने नदी के पानी में भारी मात्रा में कीटनाशक या जहरीला रसायन मिला दिया है |
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