मोहन सरकार एक्शन मोड में, आज की कैबिनेट बैठक में बड़े फैसलों के संकेत
भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव आज शाम 4 बजे मंत्रालय में कैबिनेट की एक अहम बैठक करने जा रहे हैं। इस मीटिंग में राज्य के विकास और जनता की सुविधाओं से जुड़े कई बड़े प्रस्तावों पर चर्चा होगी। चुनावी गहमागहमी और प्रशासनिक सुधारों के बीच होने वाली इस बैठक को काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। सरकार का मुख्य फोकस उन योजनाओं और प्रस्तावों पर है, जिनका सीधा असर आम जनता और राज्य की व्यवस्था पर पड़ता है।
राज्यमंत्रियों का 'स्वेच्छा अनुदान' बढ़ने के आसार
इस कैबिनेट बैठक में मंत्रियों के विवेकाधीन कोष (Discretionary Fund) को लेकर एक बड़ा फैसला लिया जा सकता है। प्रस्ताव है कि राज्यमंत्रियों के स्वेच्छा अनुदान को 18 लाख रुपये से बढ़ाकर 25 लाख रुपये कर दिया जाए। अगर इस प्रस्ताव को मंजूरी मिलती है, तो राज्यमंत्री अपने क्षेत्र के लोगों की मदद और विकास कार्यों के लिए ज्यादा राशि खर्च कर सकेंगे। यह कदम क्षेत्रीय विकास और जनहित के कार्यों में तेजी लाने के उद्देश्य से उठाया जा रहा है।
नई तबादला नीति (Transfer Policy) पर रहेगी नजर
सरकारी कर्मचारियों और अधिकारियों के लिए भी आज की बैठक बहुत खास होने वाली है। मुख्यमंत्री ने पिछली मीटिंग में ही अधिकारियों को नई 'तबादला नीति' तैयार कर पेश करने के निर्देश दिए थे। आज कैबिनेट में इस नीति का मसौदा (Draft) रखा जा सकता है। अगर कैबिनेट इस पर मुहर लगाती है, तो प्रदेश में काफी समय से रुके हुए तबादलों का रास्ता साफ हो जाएगा और प्रशासनिक फेरबदल के लिए नए नियम लागू होंगे।
जनहित और विकास के प्रस्तावों पर मंथन
कैबिनेट की इस बैठक में केवल तबादले या अनुदान ही नहीं, बल्कि राज्य के बुनियादी ढांचे (Infrastructure) और विकास से जुड़े अन्य प्रस्तावों पर भी मुहर लग सकती है। मुख्यमंत्री जनहित के मुद्दों पर मंत्रियों के साथ गहन मंथन करेंगे। माना जा रहा है कि खेती, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़ी कुछ नई योजनाओं या पुराने प्रोजेक्ट्स को आगे बढ़ाने के लिए फंड जारी करने पर भी फैसला हो सकता है। शाम को बैठक खत्म होने के बाद सरकार की ओर से इन फैसलों की आधिकारिक जानकारी साझा की जाएगी।
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