ऋषभ पंत ने सिडनी टेस्ट में दर्द सहकर खेली 40 रन की पारी
Rishabh Pant: सिडनी टेस्ट में ऋषभ पंत को दूसरे सेशन के खेल में बल्लेबाजी के दौरान उन्हें कई बार चोट लगी. चोट ऐसी भी रही कि मैदान पर फीजियो तक को आना पड़ा. लेकिन, पंत ने टीम इंडिया को संकट में नहीं छोड़ा. चोट के बावजूद भी उन्होंने मैदान पर डटे रहने का फैसला किया. पंत ने दिलेरी दिखाते हुए अपनी बल्लेबाजी की नुमाइश जारी रखी. सिडनी टेस्ट में ऋषभ पंत को मिचेल स्टार्क की गेंदों पर चोट का सामना करना पड़ा.
शरीर पर खाई चोट, पर पंत का हौंसला नहीं टूटा
सिडनी टेस्ट के दौरान पंत ने चोट कभी अपने हाथों पर खाई तो कभी अपने हेलमेट पर. चोट इतनी तेज लगी थी हाथों में खून के थक्के भी जम गए. लेकिन किसी भी सूरत में उनका हौसला नहीं डोला. हो सकता है कि इनिंग की शुरुआत में उनके खिलाफ ऑस्ट्रेलिया की वो रणनीति भी रही हो, जो कि बुरी तरह से विफल रही. क्योंकि उससे पंत को विकेट पर जमने का और जज्बा मिला. जिसका असर उनकी बल्लेबाजी में भी देखने को मिला.
छक्का ऐसा कि रोमांच से भर उठा स्टेडियम
चोट खाने के बावजूद सिडनी टेस्ट में ऋषभ पंत ने भारतीय पारी का पहला छक्का लगाया, जो कि साल 2025 में भारत की ओर से इंटरनेशनल क्रिकेट में पहला छक्का भी रहा. पंत ने ये सिक्स ऑस्ट्रेलिया के लिए डेब्यू कर रहे खिलाड़ी ब्यू वेब्स्टर की गेंद पर लगाया. उस छक्के के लगने के बाद गेंद को लाने के लिए सीढ़ी का इस्तेमाल करना पड़ गया, जिसे देख दर्शकों का रोमांच और बढ़ गया.
ऋषभ पंत ने खेली 40 रन की पारी
ऋषभ पंत ने सिडनी टेस्ट में भारतीय पारी का पहला सिक्स तो जड़ा. 5वें विकेट के लिए जडेजा के साथ 50 के करीब रन की साझेदारी भी की. मगर अपने स्कोर को बड़ा नहीं बना सके. पंत 98 गेंदों का सामना कर सिर्फ 40 रन ही बना सके, जिसमें 1 छक्के के अलावा 3 चौके शामिल रहे.
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