शुरु हुई छतरपुर शहर को सुंदर बनाने की कवायद
प्रशासन ने नगर पालिका के साथ हटाया अतिक्रमण
हाथ ठेला और गुमटी संचालकों ने किया विरोध, किया चक्काजाम
छतरपुर। शहर को व्यवस्थित और सुंदर बनाने की मंशा से सड़कों पर बढ़ते अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई प्रशासन ने नगर पालिका के साथ मिलकर की। पन्ना नाका और सटई रोड पर की गई कार्रवाई के दौरान कुछ हाथ ठेला और गुमटी संचालकों ने भेदभाव पूर्ण कार्रवाई किए जाने के आरोप लगाकर जाम लगा दिया था, जो बाद में अधिकारियों की समझाइश पर शांत हुए। अधिकारियों ने बताया कि शहर के अन्य इलाकों में भी आने वाले दिनों में कार्रवाई की जाएगी।
प्राप्त जानकारी के मुताबिक बीते रोज छतरपुर विधायक द्वारा शहर का निरीक्षण कर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए गए थे, जिसके बाद रविवार को सुबह से ही प्रशासनिक अमला, नगर पालिका की टीम को साथ लेकर अतिक्रमण हटाने पहुंच गया। पन्ना नाका और सटई रोड पर सड़क के दोनों किनारों पर फैले अतिक्रमण को हटाने के लिए बुलडोजर चला। इस कार्रवाई के दौरान छोटे दुकानदारों की गुमटियां, हाथ ठेले और होटल लैंडमार्क व ट्रेड्स मॉल के बाहर बनी अस्थायी पार्किंग को हटाया गया। इसी बीच कार्रवाई से नाराज कुछ दुकानदारों ने प्रशासन पर भेदभाव का आरोप लगाते हुए सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया। मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने स्थिति को संभाला और प्रदर्शनकारियों को शांत करवाकर कार्रवाई को आगे बढ़ाया। इस मौके पर छतरपुर एसडीएम अखिल राठौर, मुख्य नगर पालिका सीएमओ माधुरी शर्मा, सीएसपी अरुण कुमार सोनी, सिविल लाइन थाना का पुलिस बल और नगर पालिका के कर्मचारी मौजूद रहे।
सीएमओ ने कहा- निरंतर जारी रहेगा अभियान
मुख्य नगर पालिका सीएमओ माधुरी शर्मा ने बताया कि शहर में अतिक्रमण के कारण जाम की स्थिति रोजाना बनती है, जिससे आवागमन में भारी परेशानी होती है। पन्ना नाके पर सड़क किनारे रखे हाथ ठेले, गुमटियां और अस्थायी पार्किंग हटाई गई। उन्होंने कहा कि नगर पालिका ने अतिक्रमण के खिलाफ सख्ती शुरू कर दी है और चौराहों पर भी जल्द कार्रवाई होगी। शहर को सुंदर और व्यवस्थित बनाने के लिए यह अभियान निरंतर चलेगा। सीएमओ ने नागरिकों से सहयोग की अपील की, ताकि आवागमन सुगम हो और शहर की स्वच्छता बनी रहे।
व्यापारियों ने लगाए यह आरोप
अतिक्रमण हटाए जाने के दौरान फल विक्रेता सुनील कुमार साहू, राममिलन गुप्ता सहित कुछ अन्य दुकानदारों ने आरोप लगाया कि प्रशासन ने छोटे व्यापारियों को निशाना बनाया है, जबकि बड़े प्रतिष्ठानों पर नरम रवैया अपनाया गया। उन्होंने कहा कि अचानक हुई इस कार्रवाई से उनकी आजीविका प्रभावित होगी, वैकल्पिक व्यवस्था के बिना यह कार्रवाई अन्यायपूर्ण है। वहीं अधिकारियों ने आश्वासन दिया है कि व्यापारियों की समस्याओं पर विचार किया जाएगा।
बंगाल में चुनाव से पहले छापा, विदेशी मुद्रा का जखीरा पकड़ा गया, तीन लोग हिरासत में
उत्तर भारत में मौसम ने मचाई तबाही, 19 राज्यों में आंधी-बारिश के साथ फसलें भी प्रभावित
जन्मदिन पर अनन्या पांडे का सरप्राइज, वरुण सूद के लिए लिखा प्यारा मैसेज
नौसेना और कूटनीति की कार्रवाई, एलपीजी टैंकर से 27 लोगों को बचाया गया