मोदी ने कहा—दूरदर्शिता और धैर्य से बनता है उज्ज्वल भविष्य
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'एक्स' (पहले ट्विटर) पर एक बार फिर संस्कृत के ज्ञान और जीवन मूल्यों को साझा किया है। पीएम मोदी ने इस बार जीवन में धैर्य, विवेक और दूरदर्शिता के महत्व को रेखांकित करते हुए देशवासियों को एक बेहद ज्ञानवर्धक सीख दी है। उन्होंने समझाया कि जो लोग हर निर्णय को गहराई से सोच-समझकर और पूरी बुद्धिमानी के साथ लेते हैं, सुख-समृद्धि और सफलता अंततः उन्हीं का वरण करती है।
महाकवि भारवि का प्रसिद्ध श्लोक और उसका भावार्थ
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने संदेश के साथ संस्कृत के महान कवि भारवि द्वारा रचित 'किरातार्जुनीयम्' महाकाव्य का एक अत्यंत लोकप्रिय श्लोक साझा किया:
“सहसा विदधीत न क्रियामविवेकः परमापदां पदम्। वृणते हि विमृश्यकारिणं गुणलुब्धाः स्वयमेव सम्पदः॥”
श्लोक का गहरा अर्थ:
-
जल्दबाजी से बचें: किसी भी कार्य को बिना सोचे-विचारे और अचानक (सहसा) नहीं करना चाहिए।
-
विपत्तियों का कारण: अज्ञानता या बिना सोचे-समझे (अविवेक) लिया गया निर्णय इंसान को सबसे बड़ी समस्याओं, संकटों और भारी विपत्तियों के जाल में धकेल देता है।
-
समृद्धि स्वयं चुनती है: इसके विपरीत, जो व्यक्ति धैर्यपूर्वक हर पहलू पर विचार करके (विमृश्यकारिणम्) कदम उठाता है, गुणों की भूखी संपत्तियां और सफलता (सम्पदः) स्वयं ही उसे अपना स्वामी चुन लेती हैं।
निरंतर चल रही है सुभाषितों की यह ज्ञान श्रृंखला
हाल के दिनों में प्रधानमंत्री मोदी नियमित रूप से सनातन संस्कृति के सुभाषितों के माध्यम से समाज को नैतिकता, सकारात्मकता और जीवन मूल्यों का संदेश दे रहे हैं। इसी कड़ी में पिछले कुछ दिनों में उन्होंने निम्नलिखित महत्वपूर्ण संदेश साझा किए:
| तारीख | मुख्य विषय | साझा किया गया संदेश / श्लोक का सार |
|---|---|---|
| 15 जून | नवाचार और विविधता | जैसे हर जल स्रोत का स्वाद और गुण अलग होता है, वैसे ही हर व्यक्ति की सोच और विशिष्ट प्रतिभा अलग होती है। इसी विविधता के समन्वय से नवाचार (Innovation) और प्रगति का मार्ग प्रशस्त होता है। |
| 12 जून | नारी शक्ति का सम्मान | “नारी त्रैलोक्यजननी नारी त्रैलोक्यरूपिणी...” श्लोक साझा कर महिलाओं को सृष्टि का सृजन, समाज की धुरी और शक्ति का साक्षात स्वरूप बताया। उन्होंने कहा कि देश की बेटियां राष्ट्र निर्माण की असली आधारशिला हैं। |
प्रधानमंत्री मोदी द्वारा डिजिटल स्पेस में साझा किए जा रहे इन कालजयी श्लोकों और उनके सरल हिंदी भावार्थ को सोशल मीडिया पर युवाओं और संस्कृत प्रेमियों के बीच व्यापक सराहना मिल रही है। लोग इसे आज के दौर की जीवनशैली और कॉर्पोरेट निर्णय-प्रक्रिया (Decision Making) के लिए भी एक सटीक मैनेजमेंट गुरुमंत्र मान रहे हैं।
राशिफल 23 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
कृषि, पशुपालन और उद्यम से जुड़ी धरमजयगढ़ की महिलाएं अब स्थानीय बीजों और अनाजों से बना रहीं राखियां
विष्णुभोग चावल बना जीपीएम जिले का गौरव
रेल यात्रियों और मासूम बच्चों की सुरक्षा के प्रति जीआरपी की संवेदनशीलता का उत्कृष्ट उदाहरण
नशे से दूरी है ज़रूरी 2.0" अभियान को प्रदेशभर में मिल रहा जनसमर्थन
अवैध लकड़ी परिवहन पर वन विकास निगम की बड़ी कार्रवाई
मल्हार में खुली छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक की नई शाखा
विश्व कप के रण में मध्यप्रदेश का गौरव: हॉकी इंडिया की विश्व कप टीम में हॉकी अकादमी के एसोसिएट खिलाड़ी विवेक सागर प्रसाद का चयन
मध्यप्रदेश पुलिस की बड़ी कार्रवाई
स्वस्थ पशुधन, समृद्ध किसान: मुंगेली में 582 शिविरों से बदली पशुपालन की तस्वीर