पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी पर आरोप, बांग्लादेश-तुर्किए कनेक्शन की चर्चा
लखनऊ। नेपाल में जेन जी आंदोलन के बाद पांच मार्च को होने जा रहे आम चुनाव से पहले भारत से सटे चार प्रदेश सुदूर पश्चिम, लुंबिनी, मधेश व कोशी में मतों के ध्रुवीकरण के लिए आग भड़काई जा रही है। फरवरी में हुए बीरगंज और रौतहट के दंगों की जांच में पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई, तुर्किए व बांग्लादेश की संलिप्तता बताई जा रही है। बांग्लादेशी खुफिया एजेंसी एनएसआई को कोशी प्रदेश में सक्रिय किया गया है। नेपाल की करीब 97 प्रतिशत मुस्लिम आबादी इन्हीं चारों प्रदेशों में रहती है। मधेश राजनीति का केंद्र कहे जाने वाले सीमावर्ती रौतहट के गौर में 21 और बीरगंज में 23 फरवरी को हुए दंगों की जांच में नेपाल ने सीधे तौर पर अभी कुछ नहीं कहा है। लेकिन इन क्षेत्रों में कर्फ्यू के दौरान और बाद में होने वाली झड़पों की जांच में मिले साक्ष्य आईएसआई की ओर इशारा कर रहे हैं। बीरगंज दंगे की जांच कर रहे परसा जिले के मुख्य जिला अधिकारी (सीडीओ) भोला दहाल के अनुसार सोशल मीडिया पर भड़काऊ पोस्ट में विदेशी दखल की बात सामने आ रही है। इसी गई है। जिले में अब भी निषेधाज्ञा लागू है। रौतहट जिला मुख्यालय के गौर में लगा कर्फ्यू 23 फरवरी को हटा दिया गया। भारत-नेपाल संबंधों के जानकार यशोदा लाल बताते हैं कि बीरगंज से नेपाल का करीब इस्लामिक चरमपंथी जाकिर नाइक का मजबूत नेटवर्क है। फरवरी 2025 में वह खुद रौतहट में आयोजित एक सम्मेलन में हिस्सा ले चुका है। यही कारण है कि भारत से सटे ये चार प्रदेश 'इस्लामिक शक्ति केंद्र' के नेपाल के सुदूर पश्चिम, लुंबिनी, मधेश व कोशी भारत से लगे हैं। सुदूर पश्चिम उत्तराखंड से लगता है, लुंबिनी व मधेश प्रदेश उत्तर प्रदेश एवं बिहार, कोशी प्रदेश बंगाल और सिक्किम से जुड़ा है। इन चारों प्रदेशों की सामाजिक, आर्थिक व राजनीतिक व्यवस्था काफी हद तक भारत से प्रभावित रहती है। नेपाल का जनसांख्यिकी बदलाव नेपाल में 2021 की जनगणना में मुस्लिम आबादी वर्ष 2011 की तुलना में 5.09 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई है, जो अब तक की सर्वाधिक वृद्धि है। सीमावर्ती बांके में मुस्लिम आबादी का अनुपात देश में सबसे अधिक 21.1 प्रतिशत है। दूसरे नंबर पर रौतहट है, जहां की आबादी बढ़कर 19.7 हो गई है। तीसरे स्थान पर भारत के सीमावर्ती कपिलवस्तु है। यहां आबादी में 19.4% की वृद्धि दर्ज की गई है। 14.5 प्रतिशत के साथ परसा चौथे, 14.4 प्रतिशत के साथ बारा पांचवें स्थान पर है। महोत्तरी में 13.4, सुनसरी में 11.5, सप्तरी में 8.9 और धनधा में 84 प्रतिशत मम्ग्लिम आबाती वटी है।
जानें अधिकारियों ने क्या कहा
पुलिस उप महानिरीक्षक नेपाल पुलिस दान बहादुर कार्की ने बताया कि सुरक्षा एजेंसियां डिजिटल प्लेटफार्मों की भी निगरानी कर रही हैं। हमारी कोशिश भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं को रोकना है। जांच पूरी होने के बाद ही किसी विशेष समूह या बाहरी प्रभाव के बारे में स्पष्ट जानकारी प्राप्त हो सकेगी। आईजी देवीपाटन परिक्षेत्र अमित पाठक ने बताया कि बहराइच, बलरामपुर व श्रावस्ती से जुड़ी नेपाल की 243 किलोमीटर की खुली सीमा की सुरक्षा के लिए एसएसबी तैनात है। नेपाल में होने वाले आम चुनाव के देखते हुए तीनों जिलों के पुलिस अधीक्षकों को भी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने सीधी जिले में बने 1500 तालाबों और नरसिंहपुर के अमृत सरोवरों का मन की बात में किया उल्लेख
युवाओं के नवाचार और स्टार्टअप संस्कृति को मिलेगा नया आयाम : वित्त मंत्री ओपी चौधरी
जैविक खेती से एरिन भगत बनीं आत्मनिर्भर, प्राकृतिक कृषि से घटी खेती की लागत
अंतर्राष्ट्रीय बाघ दिवस में भोपाल में "रन फॉर टाइगर का भव्य आयोजन
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवाड़ी के नवीन संयुक्त कलेक्ट्रेट भवन का किया लोकार्पण
बिहान योजना से मिली नई पहचान, पोषण सखी बन महिलाओं और बच्चों के स्वास्थ्य की बनीं संरक्षक
एक पेड़ माँ के नाम अभियान के तहत विद्यार्थियों ने दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
निवाड़ी में विकास का नया अध्याय आरंभ हो रहा है: मुख्यमंत्री डॉ. यादव