क्रांति दिवस पर शहीदों को दी गई श्रद्धांजलि
छतरपुर। हर वर्ष 9 अगस्त को भारत छोड़ो आंदोलन की वर्षगांठ क्रांति दिवस के रूप में मनाई जाती है। इसी क्रम में शुक्रवार को शहर की पुलिस लाइन स्थित शहीद स्मारक पर स्वतंत्रता संग्राम सेनानी उत्तराधिकारी संगठन और चरण पादुका सेवा समिति द्वारा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में भारत छोड़ो आंदोलन के दौरान शहीद हुए स्वतंत्रता सेनानियों को श्रद्धांजलि दी गई। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि पुलिस अधीक्षक अगम जैन और डॉ. मनोज चौधरी रहे, जिन्होंने शहीदों को याद करते हुए उन्हें पुष्पांजलि अर्पित की।
कार्यक्रम के संयोजक शंकर लाल सोनी ने बताया कि अतिथियों ने उपस्थित स्कूली छात्र-छात्राओं को क्रांति दिवस की विस्तृत जानकारी दी और देश की आजादी के लिए स्वतंत्रता सेनानियों द्वारा किए गए प्रयासों से अवगत कराया। वहीं नौगांव के वरिष्ठ समाजसेवी कर्मयोगी संतोष गंगेले ने भी सारगर्भित उद्बोधन दिया। पुष्पांजलि कार्यक्रम के बाद सरकार द्वारा चलाए जा रहे एक पेड़ मां के नाम अभियान के तहत पौधरोपण भी किया गया। कार्यक्रम में महर्षि विद्या मंदिर के प्राचार्य सीके शर्मा, पंकज जैन, एके शर्मा , पेंशनर्स एसोसिएशन के प्रांत उपाध्यक्ष बीपी सिंह, भूतपूर्व सैनिक पीएन गंगेले, बीके त्रिपाठी, के. शर्मा, सीआरसी डायरेक्टर राजमणि पाल, जिला खेल एवं युवा कल्याण अधिकारी राजेन्द्र कोष्टा, शंकर रैकवार, सीआरसी श्रीकान्त गुप्ता, आरआई पूर्णिमा मिश्रा, सूबेदार प्रभा सिलावट, दिल्लाराम अहिरवार, रामलखन सिंह, सत्यशोधन आश्रम के देवेन्द्र भंडारी, राकेश असाटी, प्रकाश जैन, शिवविजय सिंह, ग्लोरियस एकेडमी की रजनी जादौन सहित शहर के गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता की।
श्रद्धालुओं के स्वागत में अनोखी प्रस्तुति, काशी विश्वनाथ मंदिर पर हाथ जोड़कर खड़े होंगे पुलिस कर्मचारी
चुनावी रेवड़ी या महिला सम्मान? स्टालिन ने करोड़ों महिलाओं को दिए 5000 रुपये
आदिवासी साथ में करते रहे पूजा, तो विवाद क्यों? मंडला में दुर्गा प्रतिमा की स्थापना पर दो पक्ष आमने-सामने
शेख हसीना के बेटे वाजेद बीएनपी से हाथ मिलाने को तैयार
संदिग्ध हालात में विवाहिता की मौत, मायके पक्ष ने की जांच की मांग
विदेश व्यापार बढ़ाने की रणनीति: केंद्र ने गेहूं और चीनी के निर्यात को दी हरी झंडी
‘लड़खड़ाता प्रायश्चित’ करेंगे… शंकराचार्य मामले में अखिलेश का बड़ा दावा
एनसीपी विलय की चर्चाओं पर बोलीं सुप्रिया सुले- अधूरे सपने को पूरा करना हमारी जिम्मेदारी
अंबेडकर विवाद पर हाईकोर्ट की टिप्पणी, आपराधिक अवमानना दायर करने एजी ऑफिस की अनुमति आवश्यक