प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हरपालपुर में हो रहीं व्यापक अनियमितताएं
हरपालपुर। भीषण गर्मी के कारण छतरपुर जिले के सरकारी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र हरपालपुर में पेट दर्द, दस्त और उल्टी के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन डॉक्टरों की अनुपस्थिति और बिगड़ी व्यवस्था के चलते मरीजों को उपचार के लिए भटकना पड़ रहा है। अस्पताल में कोई डॉक्टर पदस्थ न होने से मरीज परेशान हैं, और इमरजेंसी में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र रेफर करना ही एकमात्र विकल्प रह गया है।
स्थानीय निवासी जागेश्वर ने बताया कि वह अपनी गर्भवती पत्नी को जांच के लिए लाए थे, लेकिन दोपहर 12 बजे तक कोई डॉक्टर नहीं मिला और न ही लैब में कोई स्वास्थ्य कर्मी मौजूद था। उमरई गांव की एक बुजुर्ग महिला ने कहा कि वह लंबे समय से डॉक्टर का इंतजार कर रही हैं, लेकिन भीषण गर्मी में पेयजल तक उपलब्ध नहीं है। मरीजों में आक्रोश बढ़ रहा है, क्योंकि स्वास्थ्य विभाग और जिम्मेदार अधिकारियों का इस ओर कोई ध्यान नहीं है। उल्लेखनीय है कि हाल ही में एक ओमनी कार में आग लगने की घटना में झुलसे लोगों को भी डॉक्टरों की कमी के कारण स्थानीय अस्पताल में उपचार नहीं मिल सका था और उन्हें उत्तर प्रदेश के पनवाड़ी सरकारी अस्पताल ले जाना पड़ा था। नगरवासियों ने कलेक्टर और जिला स्वास्थ्य अधिकारी से तत्काल डॉक्टरों की नियुक्ति की मांग की है, ताकि स्थानीय लोगों को समय पर उपचार मिल सके। बिगड़ती स्वास्थ्य सेवाओं के चलते मरीज निजी अस्पतालों की शरण लेने को मजबूर हैं।
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