निर्माताओं और क्रिएटर्स के पक्ष में आया बड़ा न्यायिक निर्णय
बौद्धिक संपदा विवाद में पूजा एंटरटेनमेंट की बड़ी जीत, कोर्ट ने दिया अंतरिम संरक्षण
भारतीय फिल्म जगत में 'इंटेलेक्चुअल प्रॉपर्टी राइट्स' (IPR) को लेकर एक बेहद महत्वपूर्ण फैसला सामने आया है। मशहूर प्रोडक्शन हाउस पूजा एंटरटेनमेंट लिमिटेड ने टिप्स म्यूजिक लिमिटेड और अन्य पक्षों के खिलाफ कानूनी लड़ाई में बड़ी जीत दर्ज की है। कोर्ट ऑफ सिविल जज ने बॉलीवुड की कई प्रतिष्ठित फिल्मों और उनके संगीत के अधिकारों के गलत व्यावसायिक इस्तेमाल के मामले में प्रोडक्शन हाउस को अंतरिम सुरक्षा प्रदान की है। इस निर्णय को न केवल वासु भगनानी की कंपनी के लिए, बल्कि पूरे भारतीय फिल्म निर्माण क्षेत्र के लिए एक ऐतिहासिक मिसाल माना जा रहा है।
यह कानूनी विवाद पूजा एंटरटेनमेंट की कल्ट क्लासिक फिल्मों जैसे ‘कुली नंबर 1’, ‘हीरो नंबर 1’, ‘बीवी नंबर 1’, ‘बड़े मियां छोटे मियां’, ‘तेरा जादू चल गया’ और ‘मुझे कुछ कहना है’ के डिजिटल व म्यूजिक राइट्स से जुड़ा है। कंपनी ने अदालत को बताया कि विभिन्न डिजिटल प्लेटफॉर्म्स और स्ट्रीमिंग चैनल्स पर उनकी फिल्मों और साउंड रिकॉर्डिंग्स का अवैध तरीके से व्यवसायीकरण किया जा रहा था।
मामले की गंभीरता को देखते हुए न्यायालय ने 'यथास्थिति' (Status Quo) बनाए रखने का आदेश दिया है। अदालत ने स्पष्ट किया कि यदि तुरंत सुरक्षा नहीं दी गई, तो फिल्म निर्माताओं के मूल अधिकारों को अपूरणीय क्षति हो सकती है। पूजा एंटरटेनमेंट ने इस फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि सालों के शोषण और चुप्पी के बाद अब न्याय मिला है। यह आदेश उन सभी के लिए एक कड़ी चेतावनी है जो बिना अनुमति के क्रिएटिव प्रॉपर्टी का गलत फायदा उठाते हैं।
पंजाब कांग्रेस में हलचल तेज, बैठक टलने के बाद अचानक फिर बुलाई गई
सरकार से संवाद की पहल, सोनम वांगचुक ने अनशन खत्म करने के लिए रखी शर्त
समाजवादी पार्टी की महिला नेता सीमा राजभर पर बलिया में मुकदमा दर्ज, बढ़ीं मुश्किलें
शिवसेना के बागी सांसदों पर सुप्रीम कोर्ट का बड़ा कदम, सुनवाई स्वीकार कर जारी किया नोटिस
जयशंकर ने QUAD मंच से क्या-क्या कहा? हिंद-प्रशांत, सुरक्षा और साझेदारी पर दिए अहम संदेश
'चड्डी-बनियान गैंग' फिर एक्टिव! रात में चोरी की वारदातों से लोगों में डर
रोजगार और परीक्षाओं पर राहुल गांधी का वार, पेपर लीक को लेकर सरकार पर साधा निशाना
भोजशाला मामले में सुप्रीम कोर्ट की एंट्री, अर्जी पर सुनवाई से बढ़ी उम्मीदें
अनियमितताओं पर शिकंजा, नगर निगम ने शुरू की बिल्डिंग नक्शों की जांच